Skip to main content

वाराणसी हुआ अनलॉक सुबह 7 से शाम 7 खुलेंगी दुकानें, टीकाकरण न कराने वाले व्यापारी जरूर पढ़ लें आदेश, सभी को मिली कुछ न कुछ छूट...

 वाराणसी हुआ अनलॉक सुबह 7 से शाम 7 खुलेंगी दुकानें, टीकाकरण न कराने वाले व्यापारी जरूर पढ़ लें आदेश, सभी को मिली कुछ न कुछ छूट...


 


सरफराज अहमद



अपर मुख्य सचिव, गृह (गोपन) अनुभाग-3, उ0प्र0 शासन, लखनऊ के पत्र संख्याः 977/2021-सीएक्स-3, दिनांकः 06 जून, 2021 द्वारा वर्तमान में जनपद वाराणसी में कुल सक्रिय कोरोना केस 600 की संख्या से कम होने के कारण शासनादेश संख्याः 729/2021-सीएक्स-3, दिनांकः 30.05.2021 में उल्लिखित शर्तोें के अधीन कोरोना कर्फ्यू से छूट प्रदान कर दी गई है। 

अतः उक्त आदेश में वर्णित व्यवस्थाओं के दृष्टिगत मैं कौशल राज शर्मा, जिला मजिस्ट्रेट, वाराणसी महामारी अधिनियम 1897 व राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन अधिनियिम-2005 के अन्तर्गत प्रदत्त अधिकार का उपयोग करते हुए शासन के निर्देशों के क्रम में निम्नलिखित निर्देश पारित करता हूॅं, जो जनपद वाराणसी के सम्पूर्ण क्षेत्र में अग्रिम आदेशों तक प्रभावी रहेंगे:-

1 जनपद में सभी दुकान/बाजार प्रातः 7ः00 बजे से सायं 7ः00 बजे तक कोविड कन्टेनमेंट जोन को छोड़कर खोलने की अनुमति सप्ताह में 5 दिन होगी। 

2 शासन के आदेशानुसार रात्रिकालीन कर्फ्यू सायंकाल 07.00 बजे से प्रातः 07.00 बजे तक एवं साप्ताहांत कर्फ्यू शनिवार व रविवार को पूरे जनपद में लागू रहेगा। इस दौरान मेडिकल आवश्यकताओं को छोड़कर समस्त प्रकार की गतिविधियां एवं जनसामान्य का आवागमन प्रतिबंधित रहेगा।  

3 मेडिकल दुकानें, मेडिकल आपूर्ति, सर्जिकल दुकानें, मेडिकल टेस्ट व ब्लड टेस्ट जांच करने वाली लैब, ब्लड कलेक्शन सेंटर एवं उनके आफिस, निजी व सरकारी मेडिकल व प्राइवेट प्रैक्टिस वाले क्लीनिक, अस्पताल, एम्बुलेंस, हाॅस्पिटल को होने वाली सामग्रियों की आपूर्ति, आपात चिकित्सा स्थिति वाले व्यक्ति व अन्य मेडिकल सेवाएं तथा मेडिकल सप्लाई की आवश्यकताओं के दृष्टिगत सभी कुरियर, ई-काॅमर्स, ट्रांसपोर्ट आफिस व उनके कर्मचारियों तथा वाहनों पर रात्रिकालीन कर्फ्यू तथा साप्ताहांत कर्फ्यू के प्रतिबंध लागू नहीं होंगे।  

4 बैंकों, पेट्रोल पम्प, गैंस एजेंसी, आक्सीजन गैस के वेंडर्स/सप्लायर्स, न्यूज पेपर वेंडर, दूरसंचार सेवाएं, डाक सेवा, प्रिंट और इलेक्ट्राॅनिक मीडिया, इंटरनेट सेवा से जुड़े व्यक्तियों/कर्मचारियों पर रात्रिकालीन कर्फ्यू तथा साप्ताहांत कर्फ्यू के प्रतिबंध लागू नहीं होंगे।  

5 मरीजों, कोविड टेस्ट कराने वाले व्यक्तियों तथा वैक्सीनेशन कराने वाले व्यक्तियों के आवागमन व इनके वाहनों/टैक्सी/आॅटो/व ई-रिक्शा पर रात्रिकालीन कर्फ्यू तथा साप्ताहांत कर्फ्यू के प्रतिबंध लागू नहीं होंगे।  

6 दुकानों पर दुकानदार व स्टाफ् मास्क की अनिवार्यता, दो गज की दूरी एवं सैनिटाइजर की व्यवस्था सुनिश्चित करेंगे। यही अनिवार्यता खरीददारों के लिए भी लागू होगी। उपर्युक्त अनिवार्यता का उल्लंघन होने पर महामारी अधिनियम के तहत् कड़ी कार्यवाही की जाएगी। दुकान/बाजार के साथ सुपर मार्केट को मास्क की अनिवार्यता, दो गज की दूरी एवं सैनिटाइजर की व्यवस्था के साथ खोलने की अनुमति होगी । 

7 कोरोना के अभियान से जुड़े फ्रंटलाईन सरकारी विभागों में पूर्ण उपस्थिति रहेगी। प्रत्येक कार्यालय में कोविड हेल्प डेस्क की स्थापना की अनिवार्यता होगी । 

8 राजस्व व चकबन्दी न्यायालय कोविड-19 के प्रोटोकाल यथा मास्क की अनिवार्यता व सैनिटाइजर व दो गज की दूरी के सिद्धान्त का अनुपालन करते हुए सप्ताह में 5 दिन खोले जाएंगे । इन न्यायालयों में प्रतिदिन सुनवाई इस प्रकार की जाए, जिससे अनावश्यक भीड़-भाड़ न्यायालय परिसर के अन्दर व बाहर न हो । राजस्व विभाग न्यायालय में एक दिन में सुनवाई हेतु अधिकतम वाद की संख्या के आदेश को अलग से जारी करेंगे । 

9 बाढ़ आदि की तैयारी के क्रम में जल शक्ति विभाग के समस्त कार्यालय पूरे सप्ताह खुले रहेगें, साथ-साथ ऊर्जा विभाग के कार्यालय एवं विल काउंटर भी खुले रहेंगे । 

10 निजी कम्पनियों के कार्यालय भी मास्क की अनिवार्यता/दो गज की दूरी व सैनिटाइजर के प्रयोग की गाइड लाइन्स के साथ खुले रहेंगे। निजी कम्पनियाॅं वर्क फ्राम होम की व्यवस्था को लागू करना प्रोत्साहित करेंगीं । प्रत्येक निजी कम्पनी में कोविड हेल्प डेस्क की स्थापना की अनिवार्यता होगी। 

11 औद्योगिक संस्थान खुले रहेंगे एवं इन संस्थाओं में कार्यरत कर्मियों को अपने आई.डी. कार्ड या इकाई के प्रमाण-पत्र के आधार पर आने-जाने की अनुमति प्रतिबंधित समय में भी प्रदान की जाएगी। प्रत्येक औद्योगिक इकाई में कोविड हेल्प डेस्क की स्थापना की अनिवार्यता होगी। 

12 सब्जी मंडियाॅं पूर्व की भांति खुली रहेंगी, परन्तु घनी आबादी में संचालित सब्जी मंडियों को सम्बंधित थानाध्यक्ष खुले स्थान पर संचालित करवाते हुए खुलवायेंगे। प्रत्येक सब्जी मंडी स्थल में मंडी आढ़तियों की संस्था द्वारा कोविड हेल्प डेस्क की स्थापना की अनिवार्यता होगी। 

13 समस्त सरकारी व निजी कार्यालय में, औद्योगिक इकाई में, एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशन, बस स्टेशन व मंडी स्थल आदि में उपरोक्तानुसार कोविड हेल्प डेस्क की स्थापना करना अनिवार्य होगा, जिसमें थर्मल स्कैनिंग हेतु इन्फ््रारेड थर्मामीटर, पल्स आक्सीमीटर एवं सैनिटाइजर आदि की व्यवस्था की जाएगी । प्रत्येक कोविड हेल्प डेस्क पर एक रजिस्टर की व्यवस्था की जाएगी एवं संदिग्ध व लक्षणयुक्त व्यक्तियों को प्रवेश की अनुमति न देकर इसकी सूचना जनपद के मुख्य चिकित्साधिकारी को प्रतिदिन पूर्ण विवरण के साथ (नाम, आई.डी. कार्ड व मोबाइल नम्बर) भेजी जाएगी, जिससे ऐसे व्यक्तियों की स्क्रीनिंग व टेस्टिंग तत्काल कराई जा सके । 

14 स्कूल, कालेज तथा शिक्षण संस्थान शिक्षण कार्य हेतु बन्द रहेंगे। प्राथमिक, माध्यमिक एवं उच्च शिक्षण संस्थाओें, कोचिंग संस्थाओं में आन लाइन पढ़ाई की अनुमति विभागीय आदेशों के अनुरूप होगी। बेसिक/ माध्यमिक/उच्च शिक्षा के शिक्षकों एवं कर्मचारियों को प्रशासनिक कार्यों हेतु विद्यालय आने-जाने की अनुमति होगी। इसके लिए विद्यालयों, महाविद्यालयों व विश्वविद्यालयों के प्रशासनिक कार्यालय तद्नुसार खोलने की अनुमति होगी । 

15 बैंकों, बीमा कम्पनियों, भुगतान प्रणालियों व अन्य वित्तीय सेवा प्रदाता कम्पनियों की शाखाएं/कार्यालय खुले एवं क्रियाशील रखे गये हैं। अपने ग्राहकों के लिए गतिशीलता के साथ दो गज की दूरी के नियमों/कोविड प्रोटोकाल का प्रयोग करते हुए सेवा प्रदान की जा रही है। 

16 रेस्टोरेंट से केवल होम डिलीवरी की अनुमति होगी। इसके अतिरिक्त हाई-वे एक्सप्रेस-वे के किनारे ढाबे तथा ठेले/खोमचे वालों को खोलने की अनुमति दो गज की दूरी व मास्क के साथ होगी। 

17 ट्राॅंसपोर्ट कम्पनियों के कार्यालय, लाॅजिस्टिक कम्पनियों के कार्यालय तथा वेयर हाऊस को खोलने की अनुमति होगी, जिससे कम्पनी द्वारा माल/आवश्यक सामग्री की आपूर्ति सुनिश्चित की जा सके। 

18 कन्टेनमेंट जोन को छोड़कर शेष स्थानों में धर्मस्थलों के अन्दर एक बार में एक स्थान पर 05 से अधिक श्रद्धालु न हों। 

19 उत्तर प्रदेश परिवहन निगम की बसों को प्रदेश के अन्दर चलाने की अनुमति इस शर्त के साथ होगी कि निर्धारित सीट क्षमता पर ही संचालन किया जाएगा । स्टैण्डिंग की अनुमति नहीं होगी । संचालन के दौरान चालक/परिचालकों को मास्क/ग्लब्स का उपयोग करना अनिवार्य होगा। यात्रियों को भी मास्क/फेस कवर पहनना अनिवार्य होगा। साथ ही बसों का नियमित सैनेटाइजेशन किया जाएगा । 


20 दोपहिया वाहनों को निर्धारित सीट क्षमता के अनुसार चलने की अनुमति होगी । दोपहिया वाहन पर यात्रा करने वाले व्यक्तियों को हेलमेट/मास्क/फेस कवर पहनना अनिवार्य होगा तथा तीन पहिया वाहन आटो रिक्सा में चालक के साथ अधिकतम दो यात्री, बैट्री चलित ई-रिक्सा में चालक सहित 03 व्यक्ति एवं चार पहिया वाहनों पर केवल चार व्यक्तियों के बैठने की अनुमति होगी । 

21 अंडे, मांस एवं मछली की दुकानों को पर्याप्त साफ-सफाई तथा सेनेटाइजेशन का ध्यान रखते हुए बंद स्थान अथवा ढके हुए खालेने की अनुमति होगी। खुले में कोई विक्रय न किया जाए। 

22 जनपद में गेहूॅं क्रय केन्द्र एवं राशन की उचित दर की दुकानें खुली रहेंगीं। 

23 कृषि कार्य से सम्बन्धित यथा-खाद, बीज व अन्य कृषि निवेश से सम्बन्धित उत्पाद तथा कृषि संयंत्रों की दुकानें खुली रहेंगी। 

24 वृक्षारोपण अभियान के दृष्टिगत वन विभाग तथा उद्यान विभाग की नर्सरियों को खोलने की अनुमति होगी। 

25 कोंचिंग संस्थान, सिनेमा, जिम, स्वीमिंग पुल, क्लब्स एवं शाॅपिंग माॅल्स पूर्णतः बन्द रहेंगे। 

26 जनपद में समस्त सरकारी व निजी निर्माण, कार्य कोविड-19 प्रोटोकाल का अनुपालन करते हुए अनुमन्य  होंगंे। 

27 शादी समारोह व अन्य आयोजनों में व्यक्तियों की उपस्थिति निम्नवत् शर्तों/प्रतिबन्धों के अनुसार रहेगी:- 

(क) बन्द स्थानों अथवा खुले स्थानों पर एक समय में अधिकतम 25 आमंत्रित अतिथियों को मास्क की अनिवार्यता, दो गज की दूरी, सैनेटाइजर का उपयोग एवं कोविड-19 प्रोटोकाल के अनुसार अन्य सावधानियों के साथ अनुमति होगी । 

(ख) आयोजन/समारोह स्थलों पर आमंत्रित अतिथियों के बैठने की व्यवस्था में दो गज की दूरी के प्रोटोकाल का पूर्णतः पालन किया जाएगा । 

(ग) आयोजन/समारोह स्थलों पर शौचालयों में साफ-सफाई एवं सैनेटाइजेशन की समुचित व्यवस्था रखी जाएगी । 

उपरोक्त शर्तो/प्रतिबन्धों के अनुपालन की पूर्ण जिम्मेदारी आयोजकों की होगी । 

28 शव-यात्रा में कोविड-19 के प्रोटोकाल का अनुपालन करते हुए अधिकतम 20 व्यक्ति सम्मिलित हो सकेंगे । 

29 जनपद में सभी हाई रिस्क व्यक्तियों को कोविड संक्रमण से बचाने हेतु विशेषकर सभी दुकानदार, उनके कर्मचारी, स्ट्रीट वेंडर्स, आटो ई-रिक्सा, रिक्सा चालक, नाविक, धार्मिक स्थल, होटल व्यवसाय, मैरिज लाॅन, नाई/हेयर ड्रेसर, ब्यूटीशीयन से जुड़े  व्यक्ति/कर्मचारी, आबकारी दुकानों के दुकानदार/कर्मचारी जो 45 वर्ष के ऊपर के हैं, को कोविड वैक्सीनेशन की न्यूनतम 01 डोज दिनांक 12.06.2021 तक लगवानी होगी अन्यथा उनके प्रतिष्ठान खोलने अथवा व्यवसायिक कार्य करने पर रोक लगा दी जाएगी । इन श्रेणियों की 18-44 आयु वर्ग के व्यक्तियों को दिनांक 30.06.2021 तक पोर्टल के माध्यम से रजिस्ट्रेशन कराकर वैक्सीनेशन अनिवार्य होगा अन्यथा उनके प्रतिष्ठान खोलने पर रोक लगा दी जाएगी । इसके प्रमाण स्वरूप ऐसे व्यक्ति अपना वैक्सीनेशन प्रमाण-पत्र अथवा उसकी फोटो काॅपी साथ रखेंगे। जो उपरोक्त व्यक्ति मेडिकल या अन्य कारणों से टीका नहीं लगवा सकते, उनका प्रतिष्ठान पर ना आना उचित होगा। 

30 जनपद के सभी केन्द्र व राज्य सरकार के कार्यालय, निगमों, संस्थाओं के सभी आयु वर्ग के अधिकारियों व कर्मचारियों को कोविड संक्रमण से बचाने हेतु कोविड वैक्सीनेशन का न्यूनतम पहला टीका दिनांक 30.06.2021 तक लगवाना अनिवार्य होगा। इसके अतिरिक्त जून माह में जिनकी दूसरी डोज ड्यू हो गई है, उन्हें दूसरी डोज लगवाना अनिवार्य होगा। वे किसी भी वैक्सीनेशन केन्द्र पर 44़ का व अपने विभाग के केन्द्र पर 18-44 वर्ग का टीका लगवायें। इसका उल्लंघन पाये जाने पर उनका जून माह का वेतन तब तक आहरित नहीं किया जाएगा जब तक वे टीका ना लगवा लें। इस हेतु मुख्य कोषाधिकारी, विभागाध्यक्ष व आहरण-वितरण अधिकारी प्रत्येक कर्मचारी का प्रमाण प्राप्त करेंगे और वेतन यदि गलत जारी हुआ तो विभागाध्यक्ष का दायित्व तय किया जाएगा। मेडिकल व अन्य किसी विशेष कारण से जिन्हें इस अवधि में टीका लगवाने में परेशानी हो वे दिनांक 20.06.2021 तक विभागाध्यक्ष के माध्यम से मुख्य चिकित्साधिकारी को प्रार्थना-पत्र देंगे, जिस पर मुख्य चिकित्साधिकारी कार्यालय विचार कर उचित निर्णय लेगा। 

                   

यदि जनपद में सक्रिय कोरोना केस 600 से अधिक हो जाते हैं तो जनपद में कोरोना कर्फ्यू में छूट समाप्त हो जाएगी एवं अनुमन्य समस्त गतिविधियों पर पुनः रोक लागू हो जाएगी जिसके लिए आवश्यकतानुसार आदेश यथासमय जारी किए जाएंगे । अतः जनपद के सभी नागरिक सोशल डिस्टेंसिंग, मास्क, सेनेटाइजेशन का अनिवार्यतः पालन करें । 

यह आदेश महामारी अधिनियम 1897 (अधिनियम संख्याः 3 सन् 1897) व राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन अधिनियिम-2005 के क्रम में जारी किए जा रहे हैं। आदेश में वर्णित प्रतिबन्धों की अवहेलना किये जाने पर महामारी अधिनियम की सुसंगत धाराओं के तहत कार्यवाही की जाएगी। 

    चॅूंकि स्थिति की गम्भीरता एवं तात्कालिक आवश्यकता को देखते हुए उक्त प्रतिबन्धों को तत्काल प्रभावी किया जाना आवश्यक है और समयाभाव के कारण किसी अन्य पक्ष को सुनवाई का अवसर प्रदान करना सम्भव नही है, अतएव यह आदेश एक पक्षीय रुप से पारित किया जा रहा है। 

इस आदेश के उल्लंघन का संज्ञान जनपद में तैनात पुलिस उप निरीक्षक स्तर से अथवा उससे वरिष्ठ किसी भी पुलिस अधिकारी तथा तहसीलदार व डिप्टी कलेक्टर से ऊपर किसी भी प्रशासनिक अधिकारी द्वारा लिया जा सकेगा। 

आदेश का व्यापक प्रचार-प्रसार थानाध्यक्षों/प्रभारी निरीक्षकों/तहसीलदारो/खण्ड विकास अधिकारियों/अधिशासी अधिकारी स्थानीय निकायों एवं जिला सूचना अधिकारी वाराणसी द्वारा किया जायेगा। इस आदेश की एक प्रति प्रत्येक सरकारी कार्यालय एवं नगरीय स्थानीय निकाय के नोटिस बोर्ड पर सार्वजनिक जानकारी हेतु अविलम्ब लगाई जायेगी।  

      मेरे हस्ताक्षर से आज दिनांकः 06.06.2021 को जारी किया गया।

                                             ( कौशल राज शर्मा )

                                                 जिला मजिस्ट्रेट, वाराणसी।

Comments

Popular posts from this blog

देश दुनिया में मनायी जा रही ‘ग्यारहवीं शरीफ’ -बड़े पीर साहब के उर्स पर हो रही हैं घरों में फातेहा

 देश दुनिया में मनायी जा रही ‘ग्यारहवीं शरीफ’ -बड़े पीर साहब के उर्स पर हो रही हैं घरों में फातेहा सरफ़राज़ अहमद/मोहम्मद रिज़वान  वाराणसी।  गौसे आज़म हजरत शेख अब्दुल कादिर जीलानी अलैहिर्रहमां (बड़े पीर साहब) का उर्स-ए-पाक ‘ग्यारहवीं शरीफ’ के रूप में अदबो-एहतराम के साथ आज देश दुनिया में मनाया जा रहा है। फजर की नमाज़ के बाद से ही मदरसों, मस्जिदों व घरों में कुरानख्वानी, फातिहा व महफिल-ए-गौसुलवरा का आयोजन शुरु हो गया। सुबह फज्र की नमाज के बाद कुरआन ख्वानी, नियाज-फातिहा का जो सिलसिला शुरू हुआ वो अब पूरे दिन ही नहीं बाल्कि पूरे महीना चलता रहेगा। इस दौरान जगह जगह गौस़े पाक का लंगर भी चलेगा।  गौसे पाक का वलियों में सबसे ऊंचा मर्तबा मौलाना अज़हरूल कादरी कहते हैं कि अल्लाह के वलियों में सबसे ऊंचा मरतबा हजरत शेख अब्दुल कादिर जीलानी यानी गौस-ए-आज़म का है। हमारे औलिया-ए-किराम व मशायख जिस रास्ते से गुजरे उन रास्तों में तौहीद व सुन्नत-ए-नबी का नूर व खुशबू फैल गई। हिन्दुस्तान में ईमान व दीन-ए-इस्लाम बादशाहों के जरिए नहीं आया बल्कि हमारे इन्हीं बुजुर्गों, औलिया व सूफिया के जरिए आया। ऐसे लोग...

सरकार गरीब नवाज़ के दर पर झुकती है कायनात

  सरकार गरीब नवाज़ के दर पर झुकती है कायनात मोहम्मद रिज़वान नई दिल्ली : अजमेर राजस्थान के अजमेर में चल रहे दुनिया के मशहूर सूफी संत ख्वाजा मोइनुद्दीन हसन चिश्ती अजमेरी रहमतुल्लाह अलैह,( सरकार गरीब नवाज) के दर पर सारी कायनात झुकती है। ख्वाजा का उर्स इन दिनों अजमेर के साथ ही समूची दुनिया में मनाया जा रहा है। जो अजमेर नहीं जा सके हैं वो जहां हैं वहीं उर्स का आयोजन कर रहें हैं। राजस्थान ही नहीं उत्तर प्रदेश में भी ख्वाजा को लोग याद कर रहे हैं। आज ख्वाजा का कुल शरीफ़ अजमेर में 810 वें सालाना उर्स में मंगलवार को कुल की छठी का आयोजन किया । अकीदतमंद कुल को देखते हुए काल रात से ही दरगाह परिसर के बाहर की दीवारों को गुलाबजल, ईत्र और केवड़े से धोकर कुल के छीटें लगाने शुरू कर दिए कोरोना नियमों में सरकार की ओर से शीथिलता के बाद दरगाह परिसर चौबीस घंटे जायरीनों से आबाद है और उर्स की रौनक न केवल दरगाह क्षेत्र में बल्कि दरगाह के चारों तरफ फैली हुई है। आज रात को दरगाह दीवान और ख्वाजा साहब के सज्जादानशीन सैयद जैनुअल आबेदीन अली खान की सदारत में दरगाह परिसर के महफिलखाने में उर्स की छठी व अंतिम शाही महफिल...

कहते हैं, इस दरवाजे से जो भी जाता है मिल जाती है जन्नत, 2 फरवरी के बाद मिलेगा ये मौका

 कहते हैं, इस दरवाजे से जो भी जाता है मिल जाती है जन्नत, 2 फरवरी के बाद मिलेगा ये मौका अजमेर के सूफी संत ख्वाजा मोईनुद्दीन हसन चिश्ती की दरगाह में एक ऐसा दरवाजा है जो साल में केवल चार बार ही खुलता है. ऐसा माना जाता है कि इस दरवाजे से होकर जाने और इबादत करने वालों को जन्नत नसीब होती है. वैसे तो ये दरवाजा वर्ष में केवल 4 बार खुलता है पर उर्स में ये 6 बार खुलता है. अजमेर में गरीब नवाज की दरगाह पर उर्स की शुरूआत चांद दिखाई देने पर 2 या 3 फरवरी से इसकी शुरूआत हो जाएगी. इसका समापन बड़े कुल की रस्म के साथ होगा. चांद रात को अल सुबह 4 बजे जन्नती दरवाजा खोला जाएगा। हालांकि ये जन्नती दरवाज वर्ष में केवल चार बार ईद उल फितर,बकरा ईद और हजरत उस्मान हारूनी के सालाना उर्स पर 1-1 दिन के लिए खोला जाता है. जन्नती दरवाजा उर्स में आने वाले जायरीन के लिए खोला जाता है। इसी परंपरा के अनुसार यह दरवाजा कुल की रस्म के बाद 6 रजब को बंद कर दिया जाता है. कहते हैं ख्वाजा गरीब नवाज इबादत के लिए इसी रास्ते को काम में लेते थे. ख्वाजा साहब को अल्लाह ने यह कहा कि जो लोग मक्का मदीना की जियारत नहीं कर पाने वालों के लिए य...