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Showing posts from August, 2021

वाराणसी में अमन व नेकी की दावत दे गये दुनिया के जाने माने उलेमा मुफ्ती सलमान मियां अजहरी

 वाराणसी में अमन व नेकी की दावत दे गये दुनिया के जाने माने उलेमा मुफ्ती सलमान मियां अजहरी मोहम्मद रिज़वान वाराणसी:- दुनिया के जाने माने उलेमा मुफ्ती सलमान मियां अजहरी बरेलवी आज बनारस में थे। उन्होनें जहाँ खानदाने आला हजरत के घराने के हजरत समनानी मियां बरेलवी से सिंह मेडिकल में जाकर मुलाकात की, वहीं कई जगहों पर उनका बनारस में बरेलवी मुस्लिमों ने जोरदार खैरमकदम किया। इस दौरान मुफ्ती सलमान मियां बरेलवी ने नेकी और अमन के साथ इस्लाम के सीधे व सच्चे रस्ते पर चलने की दावत दी। मदनपूरा तारतल्ले स्थित इब्राहिम की मस्जिद में उन्होंने शिरकत किया और लोगो से कहा कि आज तमाम बुराईयों का खात्मा सब्र, अमन, और नेकी के रस्ते पर चलकर किया जा सकता है आला की तालीम हमे न सिर्फ देश भक्त बनाती है। बल्कि वतन में अमन और शांति के साथ अपने मज़हब पर चलने की राह भी दिखती है। कुरान और हदीस की रोशनी में उन्होंने तमाम लोगों को नेकी की दावत दी। इससे पहले वो रात में सिंह मेडिकल गये जहाँ पर बीते दिन हुए औरंगाबाद एक्सीडेंट में घायल हजरत समनानी मियां से मुलाकात की और उनकी जल्द सेहत के लिए दुआएं की। आज सुबह वो रवाना हो गए।

समनानी मियां के लिए मस्जिदों में हुई दुआएं

 समनानी मियां के लिए मस्जिदों में हुई दुआएं मोहम्मद रिज़वान वाराणसी:- देश दुनिया के प्रमुख इस्लामी विध्दान आला हजरत इमाम अहमद रजा खां बरेलवी के पौत्र और हुजूर ताजुश्शरिया के भतीजे हुजूर समनानी मियां सिंह मेडिकल में भर्ती है। उनकी जिंदगी, सेहत और तंदरुस्ती के लिए बनारस ही नहीं, बल्कि देश भर की बरेलवी मस्जिदों में आज जुमे की नमाज के बाद नमाजियों ने दुआएं मांगी। खासकर बनारस में नई सड़क मदनपुरा, रेवड़ीतालाब, गौरीगंज, शिवाला, बजरडीहा, रामपुरा, दालमंडी, लल्लापुरा, पठानी टोला, कोयला बाजार, मकबूल आलम रोड, अर्दली बाजार आदि मस्जिदों में इमाम साहेबान ने दुआ में हाथ उठाया। गौरतलब हो कि हुजूर समनानी मियां की कार का बिहार के औरंगाबाद में 26 अगस्त की मध्यरात्रि एक बड़ा एक्सीडेंट हो गया था। इस बड़ी दुर्घटना में समनानी मियां समेत कई लोग बुरी तरह घायल हो गए थे। दुर्घटना इतनी जबरदस्त थी कि कार का परखच्चे उड़ गया। औरंगाबाद  के चिकित्सकों ने मामले की गम्भीरता को देखते हुए सभी घायलों को तीन एम्बुलेंस के जरिये वाराणसी के सिंह मेडिकल रेफर कर दिया था। बनारस के सिंह मेडिकल में सभी घायलों का इलाज चल रहा है।

यौमे आशूरा पर मस्जिदों में हुआ शहादतनामा, घरों में मलीदा, शर्बत व खिचड़े की हुई फातेहा, रखा गया रोज़ा

 यौमे आशूरा पर मस्जिदों में हुआ शहादतनामा, घरों में मलीदा, शर्बत व खिचड़े की हुई फातेहा, रखा गया रोज़ा मोहम्मद रिजवान वाराणसी:- कर्बला के शहीदों की शहादत यौमे आशुरा पर घरों में जहां खिचड़े की फातेहा करायी गयी वहीं दूसरी ओर मस्जिदों में शहादतनामा हुआ जिसमें कर्बला के शहीदों की जिन्दगी और उनके किरदार पर उलेमा व इमाम साहेबान ने रौशनी डाली।   इससे पहले पूर्व संध्या पर नगर और आसपास के स•ाी इमामबाड़ों और इमाम चौकों पर अक़ीदत के साथ सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए ताज़िया बैठा दी गयी थी। इस दौरान इमाम चौको, इमामबाड़ों और घरों में मलीदा, शर्बत आदि की फातेहा करायी गयी। फातेहा के बाद मन्नते मांगने वाला कर्बला के शहीदों की याद में रखी गयी ताज़िया की ज़ियारत करने लोगों का हुजुम शहर •ार में उमड़ा। इस दौरान हरिश्चन्द घाट स्थित कुम्हार के इमामबाड़े में कुम्हार की ताजिया, कोयला बाजार में नगीने की ताजिया, अर्दली बाजार की जरी व लल्लापुरा की मशहूर रांगे की ताजिया की जियारत को लोगों का हुजूम देर रात तक उमड़ा हुआ था। इस दौरान सोशल डिस्टेसिंग का पूरा ख्याल रखा जा रहा था।  इस बार  मोहर्रम पर कि...

इस्लाम जिंदा होता है हर कर्बला के बाद

 ...इस्लाम जिंदा होता है हर कर्बला के बाद सरफराज अहमद वाराणसी। कत्ले हुसैन असल में मरगे यजीद है, इस्लाम जिंदा होता है हर कर्बला के बाद...।  मौलाना मोहम्मद अली जौहर का लिखा यह कलाम कर्बला के शहीदों को खिराज़े अक़ीदत पेश करने में पूरी तरह कामयाब है। कर्बला की कहानी उस शख्सियत की, जिसके लिए मुसलमान मानते हैं कि उन्होंने अपना सिर कटाकर इस्लाम को बचा लिया। कहा जाता है कि इन्होंने दीन-ए-इस्लाम को बचाने के लिए एक से बढ़कर एक कुबार्नी दी। इनमें उनके छह माह के बेटे की शहादत •ाी शामिल हैं और 18 साल के बेटे की •ाी। जी हां कर्बला के शहीदे आज़म  इमाम हुसैन (रजि.) की हम बात कर रहे हैं। ये वही हुसैन हैं, जिनके लिए प्यारे नबी हज़रत मोहम्मद (स.) ने कहा था कि हुसैन मुझसे है और मैं हुसैन से। इसके बाद •ाी उस वक्त का ज़ालिम बादशाह यजीद ने उनको अपने सामने झुकाना चाहा, मगर इमाम हुसैन ने अपना सिर तो कटा दिया मगर यज़ीद के सामने झुके नहीं। उन्होंने दुनिया को उस इस्लाम की परि•ााषा समझाया जो उनके नाना हज़रत मोहम्मद (स.) ने तैयार की थी, उन्होंने काफी पहले ही दुनिया को बता दिया था कि दीन को बचाने के लिए कर्बल...

10 मोहर्रम से जुड़ा है इस्लामी इतिहास का कई चेप्टर, आप भी जाने पूरा डिटेल

 10 मोहर्रम से जुड़ा है इस्लामी इतिहास का कई चेप्टर, आप भी जाने पूरा डिटेल सरफराज अहमद शहादते हुसैन के साथ ही इस दिन कई नबियों का हुआ जन्म, हजरत नूह की कश्ती को मिला था किनारा वाराणसी :- मोहर्रम पर अकसर लोग मुबारक बाद देते सुने जाते है इस पर कई लोगो का कमेंट आता है कि मोहर्रम में तो इमाम हुसैन की शहादत हुई थी फिर नये साल की मुबारकबाद क्यों उलेमा कहते है कि इमाम हुसैन रजियउल्लाहु तआला अन्हु की शहादत के साथ ही इस महीने में बहुत सारे अच्छे काम भी हुए है पहले तो ये जानिये की मोहर्रम को मुहररमुल हराम क्यों कहते है इस लिए की जमानाये जाहिलियत में भी इस महीने में जंग हराम थी, इस लिए इसे मोहर्रमुल हराम भी कहा जाता है। इस महीने की 10 तारीख को हजरत सैय्यदना आदम अलैहिस्सलाम की तौबा रब ने कुबूल की थी। इसलिए इस  तारीख का मर्तबा काफी बढ़ जाता है। यही नहीं हजरत सैय्यदना यूनुस अलैहिस्सलाम की भी तौबा भी रब ने कुबूल की थी और वो मछली के पेट से बाहर आते थे। यही नहीं जब हजरत सैय्यदना नूह अलैहिस्सलाम की कश्ती तूफान में फंसी थी तो वो मोहर्रम की 10 तारीख को ही जुदी पहाड़ के किनारे आकर ठहर गयी थी। उस दिन ...

यौमे आशूरा कल, आज बैठ जाएगी ताजिया, घरों में मलीदा, शर्बत की होगी फातेहा, रखे जाएंगे दो रोजे

 यौमे आशूरा कल, आज बैठ जाएगी ताजिया, घरों में मलीदा, शर्बत की होगी फातेहा, रखे जाएंगे दो रोजे मोहम्मद रिजवान वाराणसी :- आज 9 वीं मोहर्रम है यानी कर्बला के शहीदों की शहादत की पूर्व संध्या। आज शाम नगर औऱ आसपास के सभी इमामबाड़ों और इमाम चौकों पर अकीदत के साथ सोशल डिस्टनसिंग का पालन करते हुए ताजिया बैठा दी जाएगी। इस दौरान इमाम चौकों, इमामबाड़ों और घरों में मलीदा, शर्बत आदि की फातेहा करायी जाएगी। कल कर्बला के शहीदों की शहादत का दिन है। कर्बला के मैदान में 10 मोहर्रम को ही इमाम हुसैन समेत 72 लोग यजीदी सेना से लड़ते हुए शहीद हो गए थे। इस दिन को यौमे आशूरा भी कहा जाता है। कोरोना काल को देखते हुए 10 मोहर्रम को सोशल डिस्टनसिंग के साथ ताजिये के फूल कर्बला में दफन किये जायेंगे। इस बार तमाम अंजुमनों ने भी ऐलान किया है कि कोई जुलूस नहीं निकलेगा। कल मस्जिदों में शहादत नामा होगा और मोमिनीन रोजा रखेंगे। सुन्नी घरों में खीचड़े की फातेहा होगी। मोहर्रम की 8 तारीख को इमाम हुसैन के बावफ़ा और बहादुर भाई हजरत अब्बास की याद में जगह-जगह मजलिसों का आयोजन कोविड नियमों के अनुपालन में किया गया। इसी क्रम में दालमंडी ...

हज़रत अब्बास का ताबूत सजा, गूंजा आंसुओं का नज़राना मोहर्रम : निभाई गयी 8 मोहर्रम की परम्परा

 हज़रत अब्बास का ताबूत सजा, गूंजा आंसुओं का नज़राना मोहर्रम : निभाई गयी 8 मोहर्रम की परम्परा मोहम्मद रिज़वान वाराणसी  मोहर्रम का महीना इनाम हुसैन और उनके 71 साथियों की याद में मनाया जाता है। बुधवार को मोहर्रम की 8 तारीख़ को  इमाम हुसैन के बावफ़ा और बहादुर भाई हज़रत अब्बास की याद में जगह-जगह मजलिसों का आयोजन कोविड नियमों के अनुपालन में किया गया। इसी क्रम में दालमंडी के चहमामा इलाके से ख्वाजा नब्बू साहब के इमामबड़े से उठने वाले विश्व प्रसिद्द और 250 साल पुराने तुर्बत के जुलूस की परम्परा का निर्वहन किया गया। कोरोना काल में शासन की मंशा के अनुरूप जुलूस नहीं उठाया गया।  पुरखों की परम्परा निभाई   जुलूस में भारत रत्न उस्ताद बिस्मिल्लाह खां आंसुओं का नज़राना अपनी ग़मज़दा शहनाई से दिया करते थे जिसे सुनने के लिए देश और विदेश से लोग आते थे। वहीँ फ़तेह अली खां और उनके हमराहियों ने भी अपने पुरखों की परम्परा का निर्वहन करते हुए शहनाई बजाई।  इस सम्बन्ध में जुलूस के आयोजक मुनाजिर हुसैन मंजू ने बताया कि इमाम हुसैन के भाई हज़रत अब्बास की याद में उठने वाला 8 मोहर्रम का जुलूस इस वर्ष भी क...

दसवीं मोहर्रम 'यौम-ए-आशूर' सार्वजनिक अवकाश 20 अगस्त को है

 दसवीं मोहर्रम 'यौम-ए-आशूर' सार्वजनिक अवकाश 20 अगस्त को है          वाराणसी। जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा ने 20 अगस्त, 2021 को जनपद वाराणसी में मोहर्रम का सार्वजनिक अवकाश घोषित किया है। उन्होंने बताया कि प्रमुख सचिव उ0प्र0 शासन, सामान्य प्रशासन अनुभाग, लखनऊ के विज्ञप्ति संख्या-912/तीन-2020-39(2)-2016. लखनऊ दिनांक 11 दिसम्बर 2020 के अनुक्रम में जनपद वाराणसी में मोहर्रम का सार्वजनिक अवकाश दिनांक 19 अगस्त, 2021 को घोषित करते हुए सरकारी कलेण्डर में सार्वजनिक अवकाश की तिथि दिनांक: 19 अगस्त, 2021 अंकित की गयी थी।         चूंकि चन्द्र दर्शन के 10वें दिवस को मोहर्रम के सार्वजनिक अवकाश घोषित किये जाने का प्राविधान है व जनपद वाराणसी में चन्द्र दर्शन दिनांक: 10 अगस्त, 2021 को हुआ है, अतएव इसके 10वें दिवस अर्थात् दिनांक: 20 अगस्त, 2021 को जनपद वाराणसी में मोहर्रम का सार्वजनिक अवकाश घोषित किया जाता है। यह आदेश तत्काल प्रभाव से प्रभावी माना जायेगा।

दुनिया के लिए इंसानियत का पैगाम लेकर आता है मोहर्रम अर्दली बाज़ार में हुई मजलिस

 दुनिया के लिए इंसानियत का पैगाम लेकर आता है मोहर्रम अर्दली बाज़ार में हुई मजलिस वाराणसी मोहर्रम का महीना तमाम आलम के लिए इंसानियत का पैगाम लेकर आता है। यह कौम और मुल्क के लिए तरक्की का पैगाम ही नहीं देता बल्कि सच्चाई पर मिट मरने वालों को हौसला भी देता है। उक्त बातें मजलिस को खिताब करते हुए सैयद नबील हैदर ने कही। उन्होंने कहा कि नवासे रसूल ने हक की राह में ऐसी कुर्बानी पेश की जो आज तक इंसानियत व मोहब्बत का पैगाम देती है। मोहर्रम का गम हमें ठहर कर सोचने की ताकत देता है कि कहीं किसी मौके पर हमसे सच्चाई का दामन झूठ तो नहीं गया। मोहर्रम का चांद दिखाई देते ही इमाम हुसैन का गम नई ताकत के साथ छा जाता है यही गम हमारे दिलों पर सच्चाई और इश्क की लौ लगाता है। नबील ने कहा कहा की मुहर्रम पर सजाई जाने वाली मीनारों पर जाने वाले लोगों का यह फर्ज़ बनता है कि वह मजहबी नफरतों को शिकस्त देकर गमे हुसैन में बहने वाले आंसुओं के मरहम से इंसानियत के ज़ख्मों को इलाज करे। बाद मजलिस औने मोहम्मद का ताबूत व अलम निकला नौहा व मातम शन्ने जौनपुरी ने किया।

वाराणसी : मोहर्रम का सार्वजनिक अवकाश 20 अगस्त को : जिलाधिकारी

 वाराणसी : मोहर्रम का सार्वजनिक अवकाश 20 अगस्त को : जिलाधिकारी   मोहम्मद रिज़वान वाराणसी। जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा ने 20 अगस्त, 2021 को जनपद वाराणसी में मोहर्रम का सार्वजनिक अवकाश घोषित किया है। उन्होंने बताया कि प्रमुख सचिव उत्तर प्रदेश शासन, सामान्य प्रशासन अनुभाग, लखनऊ के विज्ञप्ति संख्या-912/तीन-2020-39(2)-2016. लखनऊ 11 दिसम्बर 2020 के अनुक्रम में जनपद वाराणसी में मोहर्रम का सार्वजनिक अवकाश दिनांक 19 अगस्त, 2021 को घोषित करते हुए सरकारी कलेण्डर में सार्वजनिक अवकाश की तिथि 19 अगस्त, 2021 अंकित की गयी थी।            चूंकि चन्द्र दर्शन के 10वें दिवस को मोहर्रम के सार्वजनिक अवकाश घोषित किये जाने का प्राविधान है व जनपद वाराणसी में चन्द्र दर्शन 10 अगस्त, 2021 को हुआ है, इसलिए इसके 10वें दिवस अर्थात् 20 अगस्त, 2021 को जनपद वाराणसी में मोहर्रम का सार्वजनिक अवकाश घोषित किया जाता है।  यह आदेश तत्काल प्रभाव से प्रभावी माना जायेगा।

एनडीआरएफ टीम के साथ मुख्यमंत्री ने किया बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा, एनडीआरएफ के राहत बचाव कार्यों को सराहा

 *एनडीआरएफ टीम के साथ मुख्यमंत्री ने किया बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा, एनडीआरएफ के राहत बचाव कार्यों को सराहा * मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ ने वाराणसी के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का  एनडीआरएफ टीम के साथ दौरा किया, साथ ही बाढ़ प्रभावितों का हाल जाना I मुख्यमंत्री प्रशासनिक अधिकारीयों के साथ राजघाट पहुंचे जहाँ पर एनडीआरएफ की बोट पर सवार होकर गंगा और वरुणा नदी के माध्यम से नदी से सटे बाढ़ प्रभावित इलाकों का निरीक्षण किया I एनडीआरएफ के कमांडेंट श्री मनोज कुमार शर्मा ने माननीय मुख्यमंत्री को बाढ़ प्रभावित इलाकों की जानकारी दी I एनडीआरएफ की मोटर बोट के माध्यम से काफ़िला पुराना पुल वरुणा तक पहुंचा I जहाँ से माननीय मुख्यमंत्री ने बाढ़ प्रभावित सरैय्या गाँव का दौरा किया और बाढ़ पीड़ितों को राहत सामग्री बांटी I रात-दिन राहत बचाव अभियान में जुटे हुए एनडीआरएफ के जवानों और उनकी कर्तव्यनिष्ठा एवं मानव सेवा को मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ ने खूब सराहा और एनडीआरएफ के कमांडेंट श्री मनोज कुमार शर्मा के निर्देशन में बचाव अभियानों में जुटी उनकी टीम को प्रोत्साहित किया I ज्ञात हो कि वर्तमान म...

वाराणसी :- मुस्‍लि‍म बाहुल्‍य इलाकों के बाढ़ राहत शि‍वि‍र में पहुंचे CM योगी, बच्‍चों से ली सरकारी इंतजामों की पूरी डि‍टेल

 वाराणसी :- मुस्‍लि‍म बाहुल्‍य इलाकों के बाढ़ राहत शि‍वि‍र में पहुंचे CM योगी, बच्‍चों से ली सरकारी इंतजामों की पूरी डि‍टेल मोहम्मद रिजवान वाराणसी। गंगा और वरुणा में आयी बाढ़ का जायज़ा लेने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ वाराणसी में हैं। इस दौरान उन्होंने मुस्‍लि‍म बाहुल्‍य इलाके सरैया के आलिया गार्डन में बनाये गए बाढ़ राहत शिविर का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने वहां मौजूद बच्चों से देरतक बातचीत की। मुख्‍यमंत्री ने बच्‍चों से ही बाढ़ राहत के लि‍ये चल रही सरकारी इंतजामों की डि‍टेल जानकारी भी ली। साथ ही बच्‍चों से भोजन की क्‍वालि‍टी के बारे में भी पूछा।  शिविर के अंदर मौजूद पुरानापुल इलाके के भट्टा मोहल्ले के निवासी नसीम अहमद से हाल चाल लिया। इसके बाद वहां बैठी नसीम की पुत्री 8 वर्षीय निकहत से राहत शिविर के खाने के बारे में पूछा तो मासूम निकहत ने कहा पूड़ी सब्ज़ी और खिचड़ी मिल रही है। मुख्यमंत्री ने पूछा स्वाद आता है तो बोली हाँ आता है।  मुख्यमंत्री आगे बढे और दूसरे कमरे में मौजूद जलाल बाबा सरैया निवासी असगर की 6 वर्षीय बेटी को अपने पास बुला लिया और पूछा खाना मिला तो बोली हाँ दो ट...

पहली तारीख मोहर्रम के महीने में ग़म और मातम का इतिहास

 पहली तारीख  मोहर्रम के महीने में ग़म और   मातम का इतिहास मोहम्मद रिज़वान इस्लामिक कैलेंडर के अनुसार साल का पहला महीना मोहर्रम होता है. इसे 'ग़म का महीना' भी माना जाता है. 12वीं शताब्दी में ग़ुलाम वंश के पहले शासक क़ुतुबुद्दीन ऐबक के समय से ही दिल्ली में इस मौक़े पर ताज़िये (मोहर्रम का जुलूस) निकाले जाते रहे हैं. उनके बाद जिस भी सुल्तान ने भारत में राज किया, उन्होंने 'ताज़िये की परंपरा' को चलने दिया. हालांकि वो मुख्य रूप से सुन्नी थे, शिया नहीं थे. पैग़ंबर-ए-इस्‍लाम हज़रत मोहम्‍मद के नाती हज़रत इमाम हुसैन को इसी मोहर्रम के महीने में कर्बला की जंग (680 ईसवी) में परिवार और दोस्तों के साथ शहीद कर दिया गया था. कर्बला की जंग हज़रत इमाम हुसैन और बादशाह यज़ीद की सेना के बीच हुई थी. मोहर्रम में मुसलमान हज़रत इमाम हुसैन की इसी शहादत को याद करते हैं. हज़रत इमाम हुसैन का मक़बरा इराक़ के शहर कर्बला में उसी जगह है जहां ये जंग हुई थी. ये जगह इराक़ की राजधानी बग़दाद से क़रीब 120 किलोमीटर दूर है और बेहद सम्मानित स्थान है. कर्बला की जंग कर्बला में इमाम हुसैन की मज़ार पर लाखों की तादाद...

Covid 19 नियमों का पालन करते इस बार भी नहीं उठाया जाएगा मोहर्रम जुलूस

 Covid 19  नियमों का पालन करते इस बार भी नहीं उठाया जाएगा मोहर्रम जुलूस  मोहम्मद रिज़वान वाराणसी। मोहर्रम को लेकर पराड़कर भवन में मुफ्ती ए शहर मौलाना अब्दुल बातिन नोमानी, अली समिति के सचिव एवं मीडिया प्रभारी हाजी फरमान हैदर, मौलाना हारून नक्शबंदी की प्रेस वार्ता,तीनों धर्मगुरूओं ने बताया कि इस साल मोहर्रम से जुड़ी परंपराएं कोविड नियमों का पालन करते हुए आयोजित की जाएंगी ।  इस साल ताजियादारी भी कोविड-19 नियमों का पालन करते हुए की जाएगी जिसमें ताजिए इमाम चौकों पर स्थापित किए जाएंगे परंतु इनको कर्बला तक ले जाने के लिए जुलूस नहीं उठाया जाएगा ताजियों पर चढ़ाया गया फूल ही कर्बला ले जाया जाएगा और दफन किया जाएगा ।  हाजी फरमान हैदर ने बताया कि मोहर्रम तो 2 महीना 8 दिन मनाया जाता है लेकिन एक मोहर्रम से 12 मोहर्रम तक बहुत शिद्दत के साथ ग़म मनाया जाता है । उन्होंने कहा कि मोहर्रम को धर्म विशेष से जोड़ना सही नहीं है क्योंकि हिंदुस्तान में मुहर्रम किसी धर्म विशेष या वर्ग विशेष द्वारा ही नहीं  मनाया जाता बल्कि सभी धर्म इसमें अपने अपने तरिके से शामिल हुए ।  प्रेस कॉन्फ्रे...

वाराणसी दीवारों पर लिखा मिला NO योगी-NO मोदी का स्लोगन, 5 लोग हिरासत में, पुलिस कर रही पूछताछ

वाराणसी दीवारों पर लिखा मिला NO योगी-NO मोदी का स्लोगन, 5 लोग हिरासत में, पुलिस कर रही पूछताछ वाराणसी। सिगरा थाना क्षेत्र में रविवार की सुबह लोग जब अपने घर से बाहर पार्क में वॉक के लिए निकले तो दीवार देख हैरान रह गए। सीगरा थाना के ठीक सामने वरुणा होटल और गुलाब बाग पार्क के दीवारों पर कुछ अराजकतत्वों ने नो योगी-नो मोदी का स्लोगन लिख दिया था। स्थानीय लोगों ने इसकी सूचना पुलिस को दी तो मौके पर पहुंची पुलिस ने 5 लोगों को हिरासत में ले लिया और स्लोगन को मिटवाया गया।  स्थानीय निवासी सुजीत कुमार पटेल ने बताया कि जब वह सुबह घर से बाहर निकले तो करीब पांच लोग दीवरों पर राजनीतिक स्लोगन लिख रहे थे। पुलिस के संज्ञान में जैसे ही बात आई पांचो को हिरासत में ले लिया गया। जानकारी के अनुसार हिरासत में लिए गए अभियुक्त बिहार के पटना निवासी हैं।  स्थानीय निवासी जीतेंद्र कुमार पटेल ने बताया कि भोर में करीब चार बजे ये सभी लोग दीवारों पर नो मोदी-नो यागी का स्लोगन लिख रहे थे। होटल के गनर रामशरण यादव ने बताया कि पांचों लड़के दीवारों पर स्प्रे पेंट से कमेंट लिख रहे थे, जिसकी मैनें पुलिस को सूचना दी। फिलह...

वाराणसी में बाढ़ की आशंका को देखते हुए DM ने पब्‍लि‍क के लि‍ये जारी की गाइडलाइन्‍स, कंट्रोल रूम नंबर जारी

 वाराणसी में बाढ़ की आशंका को देखते हुए DM ने पब्‍लि‍क के लि‍ये जारी की गाइडलाइन्‍स, कंट्रोल रूम नंबर जारी मोहम्मद रिजवान वाराणसी। जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा ने बताया कि जनपद वाराणसी में गंगा नदी का चेतावनी बिन्दु 70.262 मी0 है, खतरे का स्तर 71.262 मी0 तथा अधिकतम् जलस्तर 73.901 है। आगामी दिवसों में गंगा नदी के जलस्तर में और ज्यादा वृद्धि होने की सम्भावना है। इसे ध्‍यान में रखते हुए उन्होंने आम-जनमानस के लि‍ये आवश्यक दिशा निर्देश जारी किये हैं।  डीएम ने बाढ़ की स्थिति में क्या करें, क्या न करें के संबंध मे विस्तार से दि‍शा नि‍र्देश जारी कि‍ये हैं। इनमें -  बाढ़ से पूर्व ऊंचे स्थानों को पहले से चिन्हित करें, जरूरी कागजात जैसे-राशन कार्ड, बैंक पासबुक, मतदाता पहचान पत्र, आधार कार्ड इत्यादि का वॉटरप्रुफ बैग में सम्भाल कर रखें  आवश्यकतानुसार खाद्य सामग्री जैसे-बिस्किट, लाई, भुना चना, गुड़, चूडा, नमक, चीनी, सत्तू इत्यादि एकत्र करें  बीमारी से बचाव के लि‍ये क्लोरिन, ओआरएस तथा आवश्यक दवाईया प्राथमिक उपचार किट में रखें सूखे अनाज एवं मवेसियों के चारे को किसी ऊँचे स्थान पर स...

गृहमंत्री शाह और सीएम योगी ने विंध्य कॉरिडोर का शिलान्यास किया

 गृहमंत्री शाह और सीएम योगी ने विंध्य कॉरिडोर का शिलान्यास किया मिर्जापुर। जिले विंध्‍य कॉरीडोर और में रोप -वे के शिलान्‍यास और उद्घाटन के लिए रविवार की  दोपहर 2.45 बजे मुख्यमंत्री योगी आदित्‍यनाथ और गृहमंत्री अमित शाह हेलिपैड पर पहुंचे। देवरी हेलीपैड पर उतरने के बाद विन्ध्याचल धाम के लिए कार से प्रस्थान किया। इस दौरान हेलीपैड पर गृहमंत्री अमित शाह व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का पार्टी के पदाधिकारियों ने स्‍वागत किया।  गृहमंत्री अमित शाह व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विंध्य क़ॉरिडोर का शिलान्यास व रोप-वे का उद्घाटन कर विंध्य क्षेत्र को करोड़ों रुपये के परियोजनाओं की सौगात दी। तीन बजे हेलीपैड स्थल देवरी पहुंचे गृहमंत्री व मुख्यमंत्री सड़क मार्ग से सीधे विंध्यवासिनी मंदिर की ओर निकले।  3:10 बजे मंदिर पहुंचकर मां विंध्यवासिनी का दर्शन-पूजन किया। इसके बाद 3:15 बजे जर्मन हैंगर पंडाल के बीच भूमि-पूजन कर विंध्य कॉरिडोर की आधारशिला रखी। काशी विश्वनाथ मंदिर के तीन व विंध्याचल के दो विद्वान पंडितों ने मंत्रोच्चारण के बीच भूमि-पूजन कराया। भूमि-पूजन के बाद 3:15 बजे गृहमंत्री अ...

Friendship Days 2021: आज दोस्तों को गिफ्ट करें स्टाइलिश फ्रेंडशिप बैंड,

 Friendship Days 2021: आज दोस्तों को गिफ्ट करें स्टाइलिश फ्रेंडशिप बैंड,  देशभर में आज फ्रेंडशिप डे मनाया जा रहा है। अगस्त के पहले रविवार को मनाया जाने वाला यह दिन युवाओं के लिए बेहद खास है। फ्रेंडशिप डे (Friendship Day) पर सभी युवा चाहते हैं कि वह अपने दोस्तों को खास अंदाज में फ्रेंडशिप डे की बधाई दें। इसके लिए युवाओं ने पहले से ही तैयारियां शुरू कर दी थीं। इस बार युवाओं में फ्रेंडशिप डे पर बैंड का क्रेज देखा जा रहा है। इसको लेकर बाजारों में एक से एक स्टाइलिश फ्रेंडशिप बैंड (Friendship Bands) की भरमार है। बैंड के साथ फ्रेंडशिप डे पर गिफ्टों की बिक्री भी बढ़ गई है। कहते हैं दोस्ती ही एक ऐसा रिश्ता है, जो इंसान खुद की पसंद से बनाता है। लोग परिवार के सदस्यों से अपनी सीक्रेट शेयर भले ही न करें, लेकिन दोस्त से शेयर जरूर करते हैं। ऐसे ही दोस्तों के लिए समर्पित है फ्रेंडशिप डे। इस दिन को यादगार बनाने के लिए युवाओं ने पहले से ही पूरी तैयारी कर ली है।   फ्रेंडशिप डे के मायने कुछ खास हैं। बात करने पर बताया कि पिछले साल लॉकडाउन के कारण उन्होंने घर में रहते हुए फोन पर विश करके ह...